सैलाना में मोहर्रम जुलूस के दौरान ‘हिंदू राष्ट्र’ लिखा बैनर को जलाने का किया प्रयास

पुलिस ने चारों आरोपीयों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर भेजा जेल।
ब्यूरो रिपोर्ट mpkikhabar रतलाम, कृष्णकांत मालवीय सैलाना
रतलाम- (Ratlam) मध्यप्रदेश के रतलाम जिले के सैलाना नगर में मोहर्रम पर्व के चलते ताजिए जुलूस के दौरान हिंदू-मुस्लिम सांप्रदायिक तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। रविवार देर रात्रि को मोहर्रम के ताजिए निकाला जा रहा था। इसी दौरान रात्रि 10 बजे बाद मस्जिद चौराहे पर अखाड़े में कर्तब दिखाने वाले चार मुस्लिम युवकों ने हिंदू राष्ट्र लिखे हुए बैनर को अपने मुंह से उगली आग से जलाने का प्रयास किया। घटना का वीडियो सोमवार सुबह सोशल मिडिया पर वायरल होने के बाद नगर के हिंदू संगठनों में आक्रोश फैल गया। ओर विडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होते ही देखते ही देखते क्षेत्र के हिंदू संगठनों ने तीव्र विरोध जताया ओर हिंदू संगठन के लोग एक स्थान पर एकत्रित होकर जुलूस की शक्ल में बड़ी तादाद में प्रशासन व पुलिस प्रशासन के अधिकारियों के समक्ष पहुंचे एवं आपत्ति दर्ज कराई।
उनकी मांग थी कि दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई हो। इस बीच हिंदुओं की भीड़ बढ़ती गई और आक्रोशित हिंदुओं ने नगर बंद का आह्वान कर डाला। देखते ही देखते हिंदुओं की भीड़ बढ़ती गई और सड़क पर जोरदार नारेबाजी होती रही। लोगों ने अपने व्यवसाय बंद कर आंदोलनकारियो को अपना समर्थन दिया। दोपहर पश्चात जाकर मामला तब शांत हुआ जब पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया एवं कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मोहर्रम के दौरान प्रथम दो दिन तो पूरी तरह से शांति से बीते। लेकिन रविवार की रात कुछ विघ्न संतोषियों की करतूत के कारण नगर में पहली बार सांप्रदायिक तनाव जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। इमामबाड़े से निकलकर मस्जिद चौराहे पर जब ताजिए आए तो उस समय ढोल ढमाको के साथ करतब दिखा रहे चार मुस्लिम युवकों ने मस्जिद चौराहे पर लगा एक पुराना बैनर जो भगवा कलर का था और ऊपर हिंदू राष्ट्र लिखा हुआ था। उसे जलाने का प्रयास किया। अपने मुंह से आग के गुब्बारे निकालकर इन चारों युवकों में से एक ने ठीक ऊपर लगभग दो-तीन माह पूर्व लगाया गया हिंदू राष्ट्र लिखा हुआ भगवा बैनर जलाने का प्रयास किया।
हालांकि बैनर पुरा जला नहीं पर उसे मामूली क्षति पहुंची। उधर इसका किसी ने वीडियो बना लिया। घटना के दौरान ना तो कोई पुलिसकर्मियों ने ना ही प्रशासन के किसी अन्य अधिकारी ने और नहीं मुस्लिम समाजजनों के किसी वरिष्ठजनों ने उन्हें रोकने का कोई प्रयास किया। रविवार की रात तो सब कुछ ठीक-ठाक बीत गया। लेकिन सोमवार की सुबह सैलाना में शांति भंग जैसी स्थिति बन गई। सोमवार सुबह सोशल मीडिया पर जैसे ही घटना का वीडियो वायरल हुआ वैसे ही हिंदू समाज जनों में गहरा आक्रोश फैल गया। एक स्थान पर सैकड़ो हिंदू इकट्ठा हुए और सीधा प्रशासन व पुलिस प्रशासन के अधिकारियों के समक्ष जाकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई एवं दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की। मस्जिद चौराहा, बस स्टैंड एवं पुलिस थाना परिसर में बड़ी तादाद में हिंदुओं ने बैठकर हनुमान चालीसा का पाठ किया एवं शांति भंग करने वालों को सद्बुद्धि देने की ईश्वर से प्रार्थना की। बाद में क्रोधित हिंदू समाज जन व्यवसाययों से दुकान बंद करने की अपील करने लगे।
नगर के सभी कारोबारियो ने भी अपना व्यवसाय बंद रखकर आंदोलनकारियो को अपना समर्थन दिया। इधर देखते ही देखते नगर में आंदोलनकारियो की भीड़ बढ़ने लगी। उधर रतलाम अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाखा, सैलाना एसडीएम मनीष जैन, एसडीओपी नीलम बघेल, थाना प्रभारी सुरेन्द्र सिंह गडरिया ने सदल बल मोर्चा संभाल लिया। वे हर जगह तैनात आंदोलनकारियो को समझाइश देते रहे की विधि सम्मत जो भी होगा वह प्रशासन करेगा। बाद में विहप के कुलदीप गुर्जर की रिपोर्ट पर सैलाना पुलिस ने शेहजाद मेव पिता सलीम मेव निवासी कालिका माता रोड सैलाना, बबलू शाह निवासी कब्रिस्तान रोड सैलाना, भय्यू पिता मुन्ना खा पठान निवासी कालिका माता रोड सैलाना एवं अज्जू शाह पिता रमजानी शाह नि. मस्जिद चौराहा सैलाना के विरुद्ध बलवा फैलाने के जुर्म में कायमी कर ली और कुछ ही देर बाद इन चारों आरोपियों को उनके घर से धर दबोचा।
मामला फिर भी नहीं हुआ शांत-
उधर हिंदू संगठन फिर भी इस बात से नाराज थे कि पुलिस कड़ी कार्रवाई से बच रही हैं। उनकी मांग थी कि आरोपियों के घर बुलडोजर से गिराया जाए एवं इनका सार्वजनिक जुलूस निकाला जाए। ताकि इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति ना हो। उधर पुलिस अधिकारियों ने सभी को समझाया की विधि सम्मत्त कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने पुलिस थाने से स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तक पैदल ही आरोपियों को ले जाकर मेडिकल करवाया और कुछ अधूरी पर स्थित घंटाघर चौराहे तक भी पैदल ले गई। उसके बाद सुरक्षा की दृष्टि से सभी को सैलाना न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायालय के आदेश पर जेल भेज दिया गया। उधर सैलाना पुलिस ने दोपहर पश्चात घटना स्थल के पास से ही एक नाली से वे चारों मशाले भी बरामद कर ली। जिनका उपयोग कर चारों आरोपियों ने तांडव मचाया था।
रतलाम अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश खाखा ने मीडिया कर्मियों से चर्चा में कहा कि सैलाना की घटना में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। किसी भी प्रकार से इस प्रकार का कृत्य सहन नहीं किया जाएगा। किसी भी आरोपी को पुलिस नहीं बख्शेंगी।











