सैलाना नगर में मुस्लिम समाजजनो ने मोहर्रम के पवित्र पर्व पर निकाले ताजिए

रतलाम- (Ratlam) रविवार को जिले के सैलाना नगर के मुस्लिम समाजजनो द्वारा मोहर्रम का पवित्र पर्व इमाम हुसैन कि याद मे तीन दिवसीय ताजिए निकाल कर मोहर्रम के पर्व का आयोजन किया।
इस्लामिक कैलेंडर के पहले माह मोर्हरम का अधिक महत्व है। मुस्लिम समुदाय इसे गम के महीने के तौर पर मनाया जाता है। इस पूरे महीने को खास माना जाता है। लेकिन महीने का दसवां दिन विशेष होता है। इस दिन को मुस्लिम समुदाय मोहम्मद साहब के नाती हसन और हुसैन की शहादत के तौर पर मनाते है। शनिवार को इमामबाड़ा से मोहर्रम को उठाकर बाहर रखे व जिन नागरिकों ने मन्नत ले रखी थी उन्होंने तराजू में बच्चों को बराबर तोल कर अपनी मन्नत पूरी की। रविवार को मातम की रात मोहर्रम पर्व के ताजीए को इमाम बाडे से बाहर निकाल कर नगर के प्रमुख मार्गो पर घुमाया गया। जोकी सोमवार को अंतिम विदाई के साथ ताजीए को गोधुलिया तालाब के समिप गोल चक्कर पर ठंडे किए जावेगे।
मुस्लिम समाजनो ने बताया की मोहर्रम के पवित्र पर्व के चलते इमाम हुसैन सहादत कि याद मे ताजीए बनाकर तीन दिवसीय मोहर्रम के पर्व को मनाया जाता है। इसी दौरान प्रशासन अधिकारी व पुलिस प्रशासन की टीम मुस्तैद दिखाई दी। इसी दौरान एसडीओपी नीलम बघेल, थाना प्रभारी सुरेन्द्र सिंह गड़रिया, नगर सुरक्षा समिति संयोजक नितेश राठौड़, रवि सोलंकी आदि मौजूद थे।





