संत महात्मा भी सुरक्षित नहीं, गुंडो में कानून का भय नहीं, अफसर शाही बेलगाम।
रतलाम- (Ratlam) नीमच में जैन संतों पर जानलेवा हमले करने वाले गुंडों को आजन्म कारावास की सजा दी जाए और त्वरित न्यायालय में इनका प्रकरण चलाया जाए। शहर कांग्रेस रतलाम द्वारा महामहिम राज्यपाल मंगू भाई पटेल के नाम ज्ञापन एसडीएम रतलाम अनिल भाना को दिया गया।
कलेक्टोरेट कार्यालय पर बुधवार को कांग्रेस ने नीमच जिले में कछाला ग्राम में जैन संत पूज्यनीय श्री शैलेश मुनि जी, श्री मुनींद्र मुनि जी, श्री बलभद्र मुनि जी , पर रविवार की रात प्राणघातक हमले के विरोध में प्रदर्शन किया। आधे घंटे तक मुख्यमंत्री के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई और अपराधियों को फांसी दो, आजन्म कारावास दो के नारे लगाए गए।
ज्ञापन में कहा गया कि जैन मुनियों का हनुमान मंदिर में रात्रि विश्राम करना भारतीय संस्कृति की अद्वितीय परंपरा का जीवंत उदाहरण है। प्रदेश की कानून व्यवस्था जर्जर हो चुकी है और संत समाज पर कातिलाना हमला करने में गुंडो को कोई खौफ नहीं है। ज्ञापन में मांग की गई है कि टीआई बीएल भाभर द्वारा दो घंटे तक रिपोर्ट नहीं लिखने तथा समाज जन से दुर्व्यवहार करने तथा मुनि वर्ग के खिलाफ अशालीन कमेंट्स करने की शिकायत के बाद भी शासन स्तर पर टीआई पर कोई कार्रवाई नहीं करना यह दर्शाता है कि गुंडों को संरक्षण दिया जा रहा है।
ज्ञापन में महामहिम राज्यपाल से मांग की गई है कि आरोपियों को आजन्म कारावास जैसे कठोरतम दंड से दंडित किया जाए तथा सभी संप्रदाय के संतों को विशेष संरक्षण प्रदान किया जाए तथा मुख्यमंत्री जिनके पास गृह मंत्रालय भी है उन्हें इस संबंध में ठोस कार्रवाई करने के निर्देश दिए जाएं
ज्ञापन का वाचन पूर्व विधायक पारस सकलेचा ने किया। इस अवसर पर शहर अध्यक्ष महेंद्र कटारिया, विनोद मिश्रा मामा, कार्यकारी अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह अठाना, कार्यकारी अध्यक्ष फैय्याज मंसूरी, ब्लॉक अध्यक्ष बसंत पंड्या, राजकुमार जैन, गणेश यादव, जाएंब आरिफ, पीयूष बाफना, पार्षद सलीम मोहम्मद बागवान, पार्षद नासिर कुरेशी, हितेश पेमाल, रजनीकांत व्यास, डॉ अजय चत्तर, संजय बरमेचा, राजनाथ यादव,जितेंद्र हाड़ा, आदि सैकड़ो कार्यकर्ता उपस्थित थे।




