जावरा हाईवे पर संघर्ष समिति के सदस्यों ने अर्धनंग होकर किया प्रदर्शन
13/Feb/2025
ब्यूरो रिपोर्ट mpkikhabar रतलाम
रतलाम (Ratlam,mp)- रतलाम जिले के जावरा हाईवे पर प्रशासन के शॉर्ट नोटिस से नाराज संघर्ष समिति के सदस्यों ने अर्धनंग होकर प्रदर्शन किया।
बुधवार को जावरा-उज्जैन के बीच प्रस्तावित ग्रीनफील्ड एक्सेस कंट्रोल्ड फोरलेन पर दोपहर 2 बजे महु-नीमच हाइवे पर अर्धनग्न होकर धरने पर बैठते नजर आए। यह विरोध करीब 2 घंटे तक चलता रहा। जिसमें प्रशासन और संघर्ष समिति के सदस्यों के बीच काफी नोकझोंक होती दिखाई दी। वही प्रशासन ने समिति के सदस्यों को 8 दिन का समय दिया है। उसके बाद सदस्यों ने धरना समाप्त किया।
बतादे कि नोटिस में सिर्फ एक दिन का समय दिया है। किसी को 13 तो किसी को 14 फरवरी को तारीख दी है। 7 फरवरी को नोटिस जारी हुए और मंगलवार रात को चस्पा करना शुरू किया। इतने शॉर्ट नोटिस पर कोई क्या जवाब देगा। ये प्रशासन की सूची-समझी चाल है। इसके लिए यह विरोध प्रदर्शन किया था। धरने की सूचना मिलने पर औद्योगिक थाना क्षेत्र प्रभारी प्रताप सिंह भरौरिया, तहसीलदार संदीप इनवे मौके पर पहुंचे। जहां प्रशासन और समिति के सदस्यों के बीच नोंकझोंक हुई। फिर रतलाम जिला कलेक्टर राजेश बाथम से फोन पर चर्चा करने के बाद तहसीलदार ने समिति के सदस्यों को आठ दिन का समय दिया।
यह है पुरा मामला-
दरअसल भूतेड़ा से महु-नीमच उज्जैन बाईपास के समय बनने वाले सात ओवरब्रिज के विरोध में 130 से अधिक लोगों ने इस कार्य के लिए आपत्ति दर्ज कर रखी है। क्योंकि जहां-जहां से यह रोड निकालकर ओवरब्रिज बन रहे हैं, वहां के दुकानदारों का व्यापार- व्यवसाय पूरी तरह चौपट हो रहा है। संघर्ष समिति के सदस्यों की मांग है कि इसका या तो निकाल किया जाए या फिर कहीं और से इस बायपास को निकाला जाए, जिससे व्यापारियों का रोजगार प्रभावित न हो। प्रदर्शन में सुनील पोखरना, मनोज मेहता, राजेश कोठारी, असलम मेव, जगदीश सोलंकी, उबेद अंसारी, जीतू मालवी, दिनेश नायमा, नागेश्वर पाटीदार, रोशन जैन, मुकेश धाकड़, मोहन सैनी, जिला पंचायत सदस्य डीपी धाकड़, राजेश भरवा सहित बड़ी संख्या में मौजूद रहे।




