सैलाना सहकारी संस्था केन्द्र पर किसानों की लगी लम्बी कतारे


बुजुर्गों के साथ ही दिव्यांग किसान भी लाइन में लगे दिखे
ब्यूरो रिपोर्ट mpkikhabar रतलाम, ब्यूरो चीफ कृष्णकांत मालवीय
सैलाना- (बलवास टाइम्स) सैलाना में कृषि उपज मंडी परिसर में विपणन सहकारी संस्था पर खाद विक्रय केन्द्र हैं। केंद्र पर यूरिया खाद के लिए खासी आपाधापी मची हुई है। सुबह जल्दी ही केन्द्र पर दूरदराज से आए किसानों की भीड़ लगना शुरू हो जाती हैं। कई बार देर तक नम्बर आ जाता हैं तो कई बार किसान को दुसरे दिन आना पड़ता है।
गुरुवार को सुबह विपणन सहकारी संस्था पर खाद विक्रय केन्द्र पर किसानों की भीड़ लगना शुरू हुई। भीड़ देखकर स्थिति काफी विकट नजर आई। लम्बी कतारे और खाद के लिए परेशान हो रहे किसान इस व्यवस्था से आहत नजर आए।
एक दिव्यांग किसान की व्यथा-
एक दिव्यांग किसान खाद के लिए काफी परेशानी से गुजरता हुआ दिखा। दिव्यांग किसान डूंगरा पूंजा निवासी बद्री ने बताया कि उसे भी आम किसान की तरह खाद लेने के लिए मशक्कत करना पड़ रहा हैं। सभी किसानों ने खाद वितरण केन्द्र बढ़ाने की मांग की। दिव्यांग किसान ने कहा की मैं पैरों से दिव्यांग हूं। मुझे खाद की बहुत आवश्यकता है। ऐसी कड़ाके की ठंड के बाद भी खाद लेने के लिए रोज लाइन में लगना पडता है। लेकिन तीन से चार दिन हो गए है। अभी तक मेरा नंबर नहीं आया है। भारी भीड़ होने से केन्द्र पर कागज नहीं ले रहे हैं। कागजो को जमीन पर एक के बाद एक पंक्ति वार रखकर कागजों के पास बैठे रहते हैं। ओर नम्बर आने का इंतजार करते रहते हैं।
आम्बापाडा निवासी किसान रतन डोडियार उम्र 60 वर्षीय, डूंगरा पूंजा निवासी किसान मुकेश और शंभू सिंह ने बताया की कड़ाके की ठंड होने के बाद भी सुबह 6 बजे घर से खाद लेने के लिए निकला हुं। सुबह से लाईन में लगा हुं। लेकीन अभी तक नम्बर नहीं आया है। खाद लेने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ रही है।
इन का कहना-
विपणन सहकारी संस्था प्रबंधक सुरेन्द्र सिंह राठोर ने बताया की सैलाना के साथ ही रावटी, शिवगढ़, बजाना, सरवन सहित बड़ी संख्या में किसान खाद लेने के लिए पहुंच रहे हैं। जिससे केन्द्र के बाहर भीड़ बढ़ती दिखाई दे रही है। समय पर खाद वितरण किया जा रहा है। गोदाम में खाद पर्याप्त मात्रा में है। सभी किसानों को खाद मिल रहा है। कोई भी समस्या नहीं है। सैलाना विपरण संस्था द्वारा तीन केंद्रों पर खाद वितरित किया जा रहा है। किसानों को टोकन देकर ही खाद वितरित किया जा रहा है।




